डाइट पेंड्रा में हुआ जिला स्तरीय आयोजन, स्वयंसेवी शिक्षकों व शिक्षार्थियों को किया गया सम्मानित

डाइट पेंड्रा में हुआ जिला स्तरीय आयोजन, स्वयंसेवी शिक्षकों व शिक्षार्थियों को किया गया सम्मानित
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। अंतर्राष्ट्रीय साक्षरता दिवस के अवसर पर जिला स्तरीय आयोजन सोमवार को डाइट पेंड्रा में बड़े ही उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। इस अवसर पर मुख्य अतिथि जिला पंचायत अध्यक्ष सुश्री समीरा पैकरा, उपाध्यक्ष श्री राजा उपेंद्र बहादुर सिंह, मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री मुकेश रावटे, जिला शिक्षा अधिकारी श्री रजनीश तिवारी, डाइट प्राचार्य श्री जेपी पुष्प सहित जिले के कई वरिष्ठ अधिकारी व शिक्षा जगत से जुड़े गणमान्य उपस्थित रहे।

कार्यक्रम की शुरुआत में सभी अतिथियों का ‘उल्लास कैप’ पहनाकर स्वागत किया गया। इसके पश्चात स्वयंसेवी शिक्षकों व शिक्षार्थियों को मंच पर आमंत्रित कर प्रमाण पत्र वितरित किए गए। प्रत्येक विकासखंड के पाँच-पाँच स्वयं सेवकों को प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया, वहीं बीस-बीस शिक्षार्थियों को, जिन्होंने पिछले वर्ष की परीक्षा में सफलता प्राप्त की, उन्हें सम्मानित किया गया। जिला नोडल मुकेश कोरी, विकासखंड शिक्षा अधिकारी मरवाही आर.एन. चंदा, बीआरसी संतोष सोनी, अजय राय, सहायक नोडल संजय गुप्ता, आलोक शुक्ला, ब्लॉक नोडल संजय टांडिया व राकेश चौधरी के साथ-साथ जिले के सीएससी संचालक एवं डाइट के प्राध्यापक भी कार्यक्रम में उपस्थित रहे। डाइट के छात्र-अध्यापकों द्वारा प्रस्तुत लघु नाटिका ने कार्यक्रम में विशेष आकर्षण जोड़ा।
अध्यक्ष जिला पंचायत समीरा पैकरा….
“साक्षरता से ही समाज में जागरूकता और विकास का मार्ग प्रशस्त होता है। स्वयंसेवी शिक्षक और शिक्षार्थी इस दिशा में जो योगदान दे रहे हैं, वह सराहनीय है। जिला पंचायत हर स्तर पर ऐसे प्रयासों को बढ़ावा देगी ताकि हमारे जिले का प्रत्येक नागरिक शिक्षा की मुख्यधारा से जुड़ सके।”
जिला पंचायत उपाध्यक्ष राजा उपेंद्र बहादुर सिंह..
“गांव-गांव तक शिक्षा का संदेश पहुँचाना हमारी प्राथमिक जिम्मेदारी है। जब तक हर व्यक्ति साक्षर नहीं होगा, तब तक समाज में समानता और विकास संभव नहीं है। ऐसे कार्यक्रम निश्चित रूप से प्रेरणा का स्रोत हैं।”
जिला सीईओ मुकेश रावटे…..
“शिक्षा केवल साक्षरता तक सीमित नहीं है, बल्कि यह जीवन जीने की कला और समाज निर्माण की नींव है। स्वयंसेवी शिक्षकों और शिक्षार्थियों ने जिस लगन से कार्य किया है, वह जिले के लिए गर्व की बात है। जिला प्रशासन इस अभियान को और व्यापक बनाने के लिए हर संभव सहयोग करेगा।”
जिला शिक्षा अधिकारी रजनीश तिवारी…..
“अंतर्राष्ट्रीय साक्षरता दिवस हमें यह याद दिलाता है कि शिक्षा हर व्यक्ति का मौलिक अधिकार है। बीते वर्ष बड़ी संख्या में शिक्षार्थियों ने साक्षरता परीक्षा उत्तीर्ण कर जिले का मान बढ़ाया है। आने वाले समय में और अधिक लोगों तक साक्षरता का संदेश पहुँचाने के लिए हम सभी मिलकर कार्य करेंगे।”
















